हरिद्वार। जिला पंचायत अध्यक्ष ने बजट को लेकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। जिला पंचायत सदस्यों ने सप्ताह भर के अंदर बजट आवंटित न होने की दशा में 10 अगस्त को जिला योजना समिति (डीपीसी) की बैठक के बहिष्कार की बात कही है। मंगलवार को कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला योजना समिति की रिहर्सल बैठक में जिला योजना सदस्यों ने नई कार्य योजनाओं को शामिल न किए जाने को लेकर जमकर हंगामा किया। जिला पंचायत सदस्यों का कहना है कि कोविड-19 अवधि के दौरान जिला योजना वित्त में विकास कार्यों के लिए एक रुपये का भी बजट नहीं आया है। जिससे सड़क, नालियां, हैंडपम्प आदि कोई विकास कार्य नहीं किया गया है। जिला पंचायत अध्यक्ष सुभाष वर्मा ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। एक सप्ताह के भीतर बजट जारी न होने पर आगामी 10 अगस्त को होने वाली डीपीसी की बैठक का बहिष्कार की बात कही गई है। जिला पंचायत अध्यक्ष-सुभाष वर्मा ने कहा है कि जिला पंचायत सदस्य क्षेत्र में विकास कार्यों को लेकर दबाव बना रहे हैं। जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर बजट की मांग की गई है। बजट एक सप्ताह में नहीं आता है तो आगामी 10 अगस्त को सीसीआर में होने वाली डीपीसी बैठक का बहिष्कार किया जाएगा। कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी सी. रविशंकर की अध्यक्षता में जिला योजना समिति (डीपीसी) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी के सामने ही जिला योजना के सदस्यों ने हंगामा करते हुए कहा कि वर्ष 2020-21 में उनको क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए कोई बजट नहीं दिया गया। इस कारण विकास कार्य रुक गए हैं। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनीत तोमर, सीईओ डॉ. आनंद भारद्वाज, मुख्य कृषि अधिकारी डॉ. विकेश कुमार यादव, डीईओ ब्रहमपाल सिंह सैनी, जिला पंचायत सदस्य तोशी सैनी, विजयपाल, रोशन लाल, कीरत सिंह, गुरजीत लहरी, मोनिका चैहान, भूप सिंह, नूर हसन, फूल कुमार, प्रीति चैहान, मोहिनी, राव फसाद, मीनाक्षी सहित जनपद के जिला योजना समिति के सदस्य मौजूद थे।
हरिद्वार। कुंभ में पहली बार गौ सेवा संस्थान श्री गोधाम महातीर्थ पथमेड़ा राजस्थान की ओर से गौ महिमा को भारतीय जनमानस में स्थापित करने के लिए वेद लक्ष्णा गो गंगा कृपा कल्याण महोत्सव का आयोजन किया गया है। महोत्सव का शुभारंभ उत्तराखंड गौ सेवा आयोग उपाध्यक्ष राजेंद्र अंथवाल, गो ऋषि दत्त शरणानंद, गोवत्स राधा कृष्ण, महंत रविंद्रानंद सरस्वती, ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी ने किया। महोत्सव के संबध में महंत रविंद्रानंद सरस्वती ने बताया कि इस महोत्सव का उद्देश्य गौ महिमा को भारतीय जनमानस में पुनः स्थापित करना है। गौ माता की रचना सृष्टि की रचना के साथ ही हुई थी, गोमूत्र एंटीबायोटिक होता है जो शरीर में प्रवेश करने वाले सभी प्रकार के हानिकारक विषाणुओ को समाप्त करता है, गो पंचगव्य का प्रयोग करने से शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, शरीर मजबूत होता है रोगों से लड़ने की क्षमता कई गुना बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में वैश्विक महामारी ने सभी को आतंकित किया है। परंतु जिन लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत है। कोरोना उनका कुछ नहीं बिगाड़ पाता है। उन्होंने गो पंचगव्य की विशेषताएं बताते हुए कहा ...
Comments
Post a Comment