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महिला सशक्तिकरण राज्यमंत्री ने भेजा मुख्यमंत्री को पत्र
July 24, 2020 • Sharwan kumar jha • other

राज्य में सेतु के डिजाइन सम्बन्धी मानक बदलने का किया अनुरोध

हरिद्वार। प्रदेश के महिला बाल विकास राज्य मंत्री श्रीमती रेखा आर्या ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर प्रदेश में 30मीटर स्पान सेतु तथा पैदल सेतु के डिजाईन सम्बन्धी मानक में बदलाव करने की मांग की है। मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में श्रीमती आर्या ने अनुरोध किया है कि प्रदेश की भोैगोलिक स्थिति के मददे्नजर सेतु तथा पैदल सेतु निर्माण सम्बन्धी डिजाइनों के नियमों में बदलाव करते हुए विभाग में जो डिजाइन एवं ड्रांइंग उपलब्ध है,उन्ही डिजाइनों की स्वीकृति देते हुए निर्माण कार्य को आगे बढ़ाये। श्रीमती आर्या ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में अनुरोध किया है कि प्रदेश में लोक निर्माण विभाग द्वारा बनाए जाने सेतु/पैदल सेतु के डिजाइन,ड्रांइग,वेटिंग कार्य हेतु नियमों में आंशिक संशोधन किया जाये। उन्होने अवगत कराया है कि शासनादेश संख्या 631/11.2/51 सामान्य 13/2019 दिनांक 12.2.2019 द्वारा क्षेत्रों के निमार्ण से सम्बन्धित डिजाइन एवं वेटिंग का कार्य केवल आईआईटी दिल्ली,कानपुर,मुबंई तथा बीएचयू,आईटी वाराणसी से ही कराये जाने के आदेश निर्गत किये गये थे तथा शासनादेश संख्या 3776/111/51 सामान्य-13/2019 दिनांक 29.9.2019 के अनुपालन में 30मीटर से कम स्पान के सेतुओं/पैदल सेतुओं का डिजाईन/डूाइंग एवं वेटिंग का कार्य प्रदेश के गोविंद बल्लभ पंत कृषि विश्वविद्यालयएवं पतंनगर इंजीनियंरिंग काॅलेज से कराने के आदेश दिए गए थे,जिससे प्रदेश में कई प्रकार की समस्या सामने आ रही है,क्योंकि पंतनगर कृषि एवं प्रौद्योगिकी विवि एवं पंतनगर इंजीनियंरिंग काॅलेज द्वारा यह कार्य नही किया जा रहा है और उपरोक्त संस्थाएं सेतुओं के डिजाइन में कोई रूचि नही ले रही है,जिससे प्रदेश के हजारों पुल के निर्माण कार्य रूके हुए है व इन कार्यो में कई वर्षो का समय अनावश्यक रूप से लग रहा है। प्रदेश की भौगोलिक परिस्थितियों के कारण वर्षा के दिनों में नदी नालों में भारी जलभराव के कारण क्षेत्रों की बहुत आवश्यकता पड़ती है और सेतु नही होने के कारण अक्सर जनहानि होती आ रही है। इसलिए निमयें में बदलाव करते हुए पैदल सेतु के डिजाईन एव डूाइंग के सुपर स्ट्रक्चर के डिजाइन जो विभाग में उपलब्ध है,उन्ही डिजाइनों की स्वीकृति को मानक बनाने एवं निर्माण कार्यो को आगे बढ़ाने का कार्य करें।