ALL political social sports other crime current religious administrative
सफाई कर्मचारी आयोग ने सफाई कर्मचारियों की समस्याओं के संबंध में ली बैठक
August 28, 2020 • Sharwan kumar jha • administrative

हरिद्वार। उत्तराखण्ड सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष अमीलाल वाल्मिकी की अध्यक्षता एवं आयोग के सदस्य श्रीमती पूनम वाल्मिकी, जयपाल वाल्मिकी, विपिन चंद्रन की उपस्थिति में सफाई कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं के सम्बंध में एक बैठक जिलाधिकारी कार्यालय में आयोजित की गयी। बैठक जिलाधिकारी सी0 रविशंकर, मुख्य विकास अधिकारी विनीत तोमर ने आयोग की तरफ से उठाये गये मुद्दों का निराकरण किया। बैठक में आयोग ने सफाई कर्मचारियों के हितों को लेकर 22 बिन्दुओं पर चर्चा की। विभिन्न सफाई कर्मचारी यूनियनों ने भी अपनी मांगे रखी। आयोग ने पूछा कि समस्त नगर निकायों में, पचंायतों में सफाई कर्मचारियों के सृजित कुल स्थाई और अस्थाई पदों के सापेक्ष कितने पद भरे और रिक्त हैं। नगर निगम हरिद्वार में कुल पद 502 वर्तमान में 353 स्थायी 138 संविदा 11 मृतक आश्रित पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया गतिमान है। नगर पालिका शिवालिक नगर में 65, लक्सर पालिका में 10 में 9 कार्यरत 01 पद रिक्त, मंगलौर 105 जिनमें से 39 सफाई कर्मचारी कार्यरत 66 पद रिक्त, भगवानपुर में 38 पद सभी आउटसोर्स के माध्यम से कार्यरत, कलियर के 38 सभी आउटसोर्स के माध्यम से कार्यरत हंै। कर्मचारियों के वेतन, संविदा, मौहल्ला स्वच्छता समिति, पार्ट टाइम स्वीपर, ठेका सफाई कर्मचारियों की संख्या तथा उनके मासिक वेतन व अन्य सुविधाओं के बारे में पूछा तो पता चला कि सबसे अधिक समस्या शिवालिक नगर नगर पालिका में बनी हुई है। पालिका के अधिकारी ने बताया कि पालिका में वेतन की समस्या बनी हुई है। कर्मचारियों के पेंशन, ग्रेज्यूटी, वर्दी, बीमा की समस्या भी यूनियनों ने उठायी। नगर निगम हरिद्वार ने बताया कि उनके रिटायर कर्मियों के पेंशन भत्तों के लिए राज्य सरकार से धनराशि प्राप्त हो गयी है, शीघ्र ही इन भत्तों का भुगतान कर लिया जायेगा। जिलाधिकारी ने 15 सितम्बर रिटायर कर्मचारियो के भत्तों के भुगतान की सीमा अवधि दी। कोरोना के दौरान फं्रट लाइन कर्मी के रूप में काम करते हुए सफाई कर्मियों की मृत्यु का मामला भी यूनियनों द्वारा उठाया गया। जिस पर जिलाधिकारी ने सम्बंधित क्षेत्रों के एसडीएम को मृत्यु के कारणों की जांच सौंपी। यदि निकायों की ओर से कोई लापरवाही सामने आयेगी तो कार्रवाई की जायेगी। डीएम ने सभी निगमों में कैम्प लगाकर सफाई कर्मचारियों का बीमा अनिवार्य रूप से किये जाने के निर्देश निकाय अधिकारियों तथा लीड बैंक मैनेजर को दिये। सिर पर मैला ढोने वाले स्वच्छकारों की संख्या एवं पुर्नवास की स्थिति की समीक्षा भी अध्यक्ष श्री अमिलाल ने की। जिला समाज कल्याण विभाग की ओर से उनके पुनर्वास के लिए चलायी गयी वैकल्पिक व्यवस्था अुनदान योजना के बारे में जानकारी दी गयी। सफाई कर्मचारियों को कोरोना महामारी से बचाव हेतु सफाई उपकरण, सरुक्षा किट, मास्क सेनेटाइजर आदि की स्थिति यूनियनों ने संतोषजनक बतायी। आयोग के समक्ष यूनियनों ने सफाई कर्मचारियों से हेल्थ मैेनुअल के हिसाब से कार्य लिये जाने का भी मांग की। बैठक में सुरेंद्र तेश्वर, राजेंद्र श्रमिक, राजेश छाछर, सुनील राजौर, प्रिंस लोहाट, राजकुमार खोबे, आनंद कामरा, आत्माराम बेनीवाल, अमर कुमार सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।